महराजगंज: इंडो- नेपाल सीमा से सटे गांव को बाईपास का मिला सौगात, एक तरफ दौड़ी खुशी की लहर, तो दूसरी तरफ बहा आंसुओं का सैलाब


रिपोर्ट- प्रवीण कुमार मिश्र

ठूठीबारी: इंडो-नेपाल के बॉर्डर पर बसे थाना ठूठीबारी को मिला सौगात, जिसको लेकर कस्बे के लोगों में खुशी की लहर दौड़ पड़ी है।
भारत नेपाल को जोड़ने वाली बाईपास रोड पर निर्माण कार्य शुरू कर दिया है। शनिवार को एसडीएम निचलौल अभय कुमार गुप्त और सीओ रणविजय सिंह सहित पीडब्ल्यूडी के अधिकारियों की मौजूदगी में झरही नदी से बार्डर तक बाई पास रोड पर अतिक्रमणकारियो के मकान को जेसीबी लगाकर ध्वस्त कर दिया गया। आपको बता दें कि नेपाल बार्डर तक जाने के लिए झरही नदी बंधे पर शासन द्वारा 850 मीटर रोड का निर्माण होना है। जिस पर फरवरी महीने से मिट्टी का कार्य शुरू कर दिया गया था। कोरोना महामारी में लॉक डाउन होने के कारण काम बंद हो गया। 27 मई को एसडीएम निचलौल ने मौके पर पहुँच कर बंधे के किनारे बसे 54 लोगो को अतिक्रमण मुक्त करने का आदेश जारी किया। साथ ही 28 मई को मुनादी कराई गई। जिसमें कुछ ने स्वेच्छा से अपना अतिक्रमण हटा लिया तो कुछ मनबढ़ों ने नही माना और वहीं पर जमे रहे। जिसके बाद शनिवार को तमाम अधिकारियों की मौजूदगी में जेसीबी से अतिक्रमण को ध्वस्त कर दिया गया। इस मौके पर एक्सईएन सचिन कुमार, ऐई लक्ष्मण सिंह, ए के चौहान, जेई मदन भारती, धर्मेंद्र यादव, अतुल चौरसिया, धर्मदेव विश्वकर्मा, सतीस तिवारी सहित काफी संख्या में लोग मौजूद रहे। 

●एक तरफ टूटा आशियाना तो दूसरी तरफ छलक पड़ा आसु: 

वर्षो से इसी मकान में रहकर अपनी जीविका चलाने वाले अमीन, मुबारक, गौरी, सुमंत, महबूब, तबारक, मुजाहिर ने अपनी दर्द बयां करते हुए कहा कि दुःख हो या सुख। अपने परिवार के साथ इसी मकान में रहकर गुजारा किया। आज अपने ही सामने इसे गिरता देख बड़ा दुःख हो रहा है। घर की महिलाएं, बच्चों का रो रो कर बुरा हाल है। मकान तो गिर गया अब इसमें आगे कैसे जीविका चलेगी। अल्लाह जाने।

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