गोरखपुर: आस्था का प्रतीक माने जाने वाले सैकड़ो वर्ष पुराने पीपल के पेड़ की कटान से ग्रामीणों में भारी आक्रोश, ग्रामप्रधान पर लगा कटवाने का आरोप

गोरखपुर: भैरोपुर में स्थित एक पीपल के हरे पेड़ की कटान को लेकर ग्रामीणों में भारी आक्रोश पैदा हो गया। हम बता दें आपको कि बांसगांव थाना क्षेत्र अंतर्गत ग्राम भैरोपुर गेरूआ बाबू निवासी अखिलेश पाण्डेय सहित दर्जन भर ग्रामीणों ने इस सम्बंध में शनिवार को उपजिलाधिकारी कुलदीप मीणा को शिकायती पत्र सौंप कर पीपल के पेड़ के कटान पर रोक लगाने की मांग की है। क्योंकि हिन्दू धर्म के अनुसार पीपल के पेड़ को आस्था का प्रतीक माना जाता है। ग्रामीणों का यह भी आरोप है कि ग्राम प्रधान द्वारा जबरन इस जमीन को दबंगो के नाम से पट्टा किया जा रहा है।

प्रार्थना पत्र में बताया गया है कि गांव के राजस्व अभिलेख में आराजी संख्या 224 रकबा 0.166 खलिहान की भूमि दर्ज है। उक्त भूमि में सैकड़ों साल से यह पीपल का पेड़ स्थित है। इस भूमि में गांव के लोग खलिहान करने के साथ-साथ हिन्दू धर्मावलम्बी पीपल के पेड़ तले मृत्योपरांत कर्मकांड आदि कराते रहते हैं। इस पेड़ से सभी की धार्मिक भावना जुड़े होने से इसके कटान करवाये जाने से लोग आहत हैं। जिससे ग्रामीणों में रोष पैदा हो गया है। उपजिलाधिकारी ने राजस्व निरीक्षक से मौके की रिपोर्ट तलब की है।


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